रसोई पैथी के माध्यम से पारंपरिक जड़ी-बूटियों, भोजन और जीवनशैली से जुड़े ज्ञान को सरल, व्यवस्थित और आसानी से समझने योग्य तरीके से सीखें।
पारंपरिक भोजन, जड़ी-बूटियों और जीवनशैली से जुड़े ज्ञान को सीखने और समझने का एक सरल प्रयास।
हमारी रसोई में उपलब्ध खाद्य पदार्थों, पौधों और जड़ी-बूटियों से जुड़े पारंपरिक ज्ञान को व्यवस्थित तरीके से समझने और सीखने का प्रयास रसोई पैथी के माध्यम से किया जा रहा है।
इस प्लेटफॉर्म पर वीडियो लेसन, अध्ययन सामग्री, PDF और अन्य शैक्षणिक संसाधनों के माध्यम से सीखने का अवसर मिलेगा।
हमारी कहानी जानें“रसोई के पारंपरिक ज्ञान को सरल तरीके से सीखें, समझें और आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाएं।”
रसोई पैथी का उद्देश्य पारंपरिक ज्ञान को अधिक व्यवस्थित और लोगों के लिए आसानी से उपलब्ध शैक्षणिक स्वरूप में प्रस्तुत करना है।
हमारा प्रयास है कि ज्ञान केवल कुछ लोगों तक सीमित न रहे, बल्कि अधिक से अधिक परिवार इसे समझें और सीखें।
अंत तक पढ़ें और समझें कि पारंपरिक रसोई ज्ञान को सीखना और समझना क्यों महत्वपूर्ण माना जाता है।
आज हमारे भारत देश में बच्चे से लेकर बुजुर्गों तक बहुत से लोग विभिन्न प्रकार की स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे हैं। भागती हुई जिंदगी में व्यक्ति तन, मन और आत्मा तक दुखी है और आधुनिक जीवनशैली के कारण लोगों के पास अपने स्वास्थ्य और जीवनशैली पर ध्यान देने के लिए पर्याप्त समय नहीं रह जाता।
जब व्यक्ति अपनी बीमारियों को लेकर हॉस्पिटल जाता है, तो कई बार इलाज पर बहुत अधिक खर्च हो जाता है और लंबे समय तक दवाइयों पर निर्भर रहने की स्थिति बन सकती है। इसी कारण लोगों के लिए अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक होना और पारंपरिक ज्ञान को समझना महत्वपूर्ण है।
हमारी रसोई केवल भोजन बनाने की जगह नहीं है। भारतीय परंपरा में रसोई में उपलब्ध अनेक खाद्य पदार्थों, पेड़-पौधों और जड़ी-बूटियों से जुड़े पारंपरिक ज्ञान का विशेष महत्व रहा है।
इसी ज्ञान को सरल और व्यवस्थित तरीके से समझने और सीखने का प्रयास रसोई पैथी के माध्यम से किया जा रहा है।
ज्ञान के अभाव और हमारी व्यस्त जीवनशैली के कारण हम अपनी रसोई और पारंपरिक ज्ञान का सही उपयोग नहीं कर पाते। हमारा उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों तक इस ज्ञान को शैक्षणिक रूप में पहुंचाना है।
यह ज्ञान विशेष रूप से हमारी माताओं और बहनों के लिए उपयोगी हो सकता है, क्योंकि परिवार की रसोई और भोजन की व्यवस्था में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। परिवार के स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने में उनका योगदान महत्वपूर्ण हो सकता है।
इसलिए आप सभी से निवेदन है कि रसोई पैथी के ज्ञान को जरूर सीखें और इस महाअभियान में सहयोग करें।
रोग मुक्त परिवार एवम् समाज बनाने हेतु महाअभियान के तहत फ्री हेल्थ कैंप लगाया जा रहा है जिससे हमारा परिवार और समाज रोगमुक्त हो सके।
अगर आप अपने यहां फ्री हेल्थ कैंप लगाना चाहते हैं तो आप अपने संगठन या सोसाइटी द्वारा अपना निमंत्रण व्हाट्सएप कर दीजिए।
फ्री हेल्थ कैंप लगाने में संगठन या सोसाइटी द्वारा व्यवस्था का खर्च उठाना पड़ेगा।
हाल, टेबल-कुर्सी और साउंड की पूरी व्यवस्था संगठन या सोसाइटी द्वारा करनी होगी।
हेल्थ कैंप में कम से कम 100 लोगों की उपस्थिति जरूरी है।
हेल्थ कैंप में हमारे यहां से कम से कम 2 से 3 लोग जाएंगे। उनके यात्रा और रहने-खाने का पूरा खर्च संगठन या सोसाइटी को उठाना पड़ेगा।
यात्रा अगर नजदीक का रहेगा तो ट्रेन से और अगर दूर रहेगा तो हवाई जहाज द्वारा सफर किया जाएगा। हमारा केंद्र वाराणसी, उत्तर प्रदेश रहेगा।
यह अभियान बहुत बड़ा है, इसलिए हम अपेक्षा करते हैं कि आप अपने सामर्थ्य अनुसार हमारे अभियान को बढ़ाने में डोनेशन दें ताकि यह अभियान निरंतर चलता रहे।
सीखने के लिए सरल और व्यवस्थित डिजिटल संसाधन।
विभिन्न विषयों को चरणबद्ध तरीके से समझने के लिए व्यवस्थित वीडियो पाठ।
पाठ्यक्रम से संबंधित अध्ययन सामग्री और उपयोगी PDF संसाधन।
अपने पूरे learning journey और पूरे किए गए lessons को व्यवस्थित रूप से देखें।
गुरु परंपरा वैद्य
प्रोफाइल के अनुसार वैद्य धीरज ने भारत के विभिन्न क्षेत्रों में यात्रा कर पारंपरिक जड़ी-बूटियों और आयुर्वेद संबंधी ज्ञान को अनुभवी डॉक्टरों, वैद्य गुरुओं और शास्त्रीय ग्रंथों के अध्ययन के माध्यम से सीखा।
उन्होंने इस उपचार पद्धति को एक अलग पहचान देते हुए इसका नाम रसोई पैथी रखा।
प्रोफाइल के अनुसार 2020–2021 के किसान आंदोलन के दौरान दिल्ली में निःशुल्क चिकित्सा सेवाएं प्रदान की गईं और 40,000 से अधिक किसानों का उपचार किया गया।
प्रोफाइल में 3 लाख से अधिक मरीजों के उपचार और काउंसलिंग का अनुभव बताया गया है।
विभिन्न क्षेत्रों में 500 से अधिक निःशुल्क हेल्थ कैंप आयोजित किए गए।
पारंपरिक उपचार पद्धतियों पर 50 से अधिक हर्बल मेडिसिन प्रशिक्षण कैंप आयोजित किए गए।
विभिन्न प्लेटफॉर्म पर 100 से अधिक Zoom meetings और podcasts आयोजित किए गए।
प्रोफाइल के अनुसार medical और holistic wellness क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव।
रसोई पैथी के अध्ययन और प्रशिक्षण कार्यक्रमों के बारे में जानें।
मौजूदा समय में चिकित्सा का ज्ञान होना बहुत जरूरी हैं नहीं तो परिवार में कब,कौन बीमारियों के चपेट में आ जाएंगे ये किसी को भी नहीं पता। ये ट्रेनिंग में मिलने वाला अनोखा ज्ञान करोड़ो रुपए खर्च करके भी नहीं मिलेगा इसे कोई भी सीखकर लोगो की मदद कर सकता है और भविष्य में अपना […]
कोर्स देखेंसीखें, समझें और अपने ज्ञान को आगे बढ़ाएं।
भारतीय पारंपरिक ज्ञान और जड़ी-बूटियों से जुड़े विषयों को समझने का अवसर।
जानकारी को lessons और learning modules के माध्यम से व्यवस्थित किया गया है।
मोबाइल, टैबलेट और कंप्यूटर के माध्यम से अपने समय के अनुसार सीखें।
पारंपरिक ज्ञान को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने का प्रयास।
रसोई को प्राथमिक स्वास्थ्य ज्ञान का केंद्र बनाना।
जड़ी-बूटियों के उपयोग को बढ़ावा देना।
अधिक से अधिक लोगों को पारंपरिक चिकित्सा ज्ञान सिखाना और पारंपरिक ज्ञान को आगे बढ़ाना।
PPM (Natural Childbirth Mission) को बढ़ावा देना।
प्रत्येक जिले में रसोई पैथी क्लिनिक, प्रशिक्षण और शोध केंद्र स्थापित करने का लक्ष्य।
निःशुल्क उपचार और स्वस्थ परिवारों की दिशा में कार्य करना।
हमारे विद्यार्थियों के वास्तविक अनुभव।
पारंपरिक ज्ञान को समझें, सीखें और अपने परिवार एवं समाज में जागरूकता बढ़ाने की दिशा में आगे बढ़ें।